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वेनेजुएला : सत्ता में सरकार और दृढ़-प्रतिज्ञ लोग

(आलेख : विजय प्रसाद और कार्लोस रॉन, अनुवाद : संजय पराते) 3 जनवरी की सुबह, अमेरिका की सरकार ने काराकास, वेनेज़ुएला और इस देश के तीन राज्यों पर बड़ा हमला किया। लगभग
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अरावली : संतुष्ट होने की कोई गुंजाइश नहीं

(आलेख : इंदरजीत सिंह, अनुवाद : संजय पराते) सुप्रीम कोर्ट ने 20 नवंबर, 2025 को अरावली पर्वत श्रृंखला पर अपने ही फैसले को रोक दिया है। इस फैसले के खिलाफ किसानों, महिलाओं,
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आरएसएस नेटवर्क का खुलासा

(आलेख : सवेरा, अनुवाद : संजय पराते) पहली बार, शोधकर्ताओं ने आरएसएस से जुड़े संगठनों के रहस्यमयी नेटवर्क की तस्वीर सामने लाने के लिए सबूत इकट्ठा किए हैं — और नतीजा परेशान
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केरल के निकायों में भाजपा की जीत का नैरेटिव और जमीनी हकीकत

(आलेख : संजय पराते) केरल के स्थानीय निकायों के चुनाव में भाजपा द्वारा बड़ी छलांग लगाने और तिरुवनंतपुरम कॉर्पोरेशन में कब्जा करने का गोदी मीडिया द्वारा बड़े पैमाने पर प्रचार किया जा
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नेताजी के कंधे चढ़कर, गांधी को धकियाते हुए, हिन्दू-राष्ट्र का भागवत एलान

(आलेख : बादल सरोज) लगता है, आरएसएस ने अपने शताब्दी वर्ष की चहलकदमियों का उद्यापन महात्मा गाँधी के तर्पण के साथ करने का निर्णय ले ही लिया है। धीरे-धीरे उन्होंने उस वेदी
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छत्तीसगढ़ के प्रवासी मजदूर की केरल में संघी गिरोह द्वारा भीड़-हत्या

(आलेख : संजय पराते) केरल के पलक्कड़ जिले में वलयार नामक जगह पर छत्तीसगढ़ के प्रवासी मज़दूर राम नारायण बघेल की हत्या की देशव्यापी गूंज हुई है। केरल में माकपा के नेतृत्व
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मनरेगा का खात्मा : संविधान के नीति-निर्देशक सिद्धांतों पर बुलडोजर

(आलेख : बृंदा करात, अनुवाद : संजय पराते) केंद्र सरकार ने संसद में अपने बहुमत का इस्तेमाल करके महात्मा गांधी ग्रामीण रोज़गार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) को खत्म कर दिया है। इसकी जगह
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एसआईआर : शुद्घीकरण का नाम, ध्वस्तीकरण का काम!

(आलेख : राजेंद्र शर्मा) आखिरकार, मतदाता सूचियों के विशेष सघन पुनरीक्षण या सर के नाम पर, थोक में लोगों के मताधिकार की चोरी की आंच, खुद सत्ताधारी संघ-भाजपा परिवार के घर तक
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सावरकर की प्रतिमा का अनावरण या हिन्दू राष्ट्र के एजेंडे का निरावरण

(आलेख : बादल सरोज) आजकल के हालचाल में दर्ज किये जाने लायक नई बात राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की छाप तिलक सब छोड़ अनावृत, निरावृत धजा में आने की चाल-ढाल है। राजनीति से
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महात्मा गांधी — जै राम जी!

(आलेख : संजय पराते) संघी गिरोह को महात्मा गांधी के काम से ही नहीं, उनके नाम से भी कितनी नफरत है, यह मनरेगा को खत्म करने और उसकी जगह वीबी-जी राम जी