दादरी और अलीगढ़ में सपा-बसपा के सुर अलग क्यों: डा0 बाजपेयी

दादरी और अलीगढ़ में सपा-बसपा के सुर अलग क्यों: डा0 बाजपेयी

लखनऊ: भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डा0 लक्ष्मीकांत बाजपेयी ने आज अलीगढ़ कलक्ट्रेट में ब्रज क्षेत्र में व्याप्त जंगलराज के खिलाफ आयोजित सात दिवसीय धरने की तैयारी बैठक में भाग लिया और कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन किया।

प्रदेश अध्यक्ष डा0 बाजपेयी ने कहा कि अलीगढ़ की घटना प्रशासनिक विफलता का परिचायक है और गगन खटीक की हत्या के लिये अलीगढ़ पुलिस जिम्मेदार है। डा0 बाजपेयी ने कहा कि अलीगढ़ में घटना स्थल पर पुलिस और प्रशासन का दो घंटे में पहुंचना बताता है कि उ0प्र0 की हालात कितने खराब है। एक सब इस्पेक्टर और कास्टेबल के द्वारा 45 व्यक्तियों को नामजद और 1000 अज्ञात को अभियुक्त बनाना गौरव खटीक के हत्यारो को बचाने का कथित प्रयास है।

प्रदेश सरकार द्वारा मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष में से केवल दस लाख का मुआवजा भेदभावपूर्ण है। दंगाईयों द्वारा दुकानांे में की गयी आगजनी पर प्रदेश सरकार द्वारा किसी भी प्रकार मुआवजा न देना बताता है कि सरकार की सोच अन्यायपूर्ण है।

प्रदेश अध्यक्ष डा0 बाजपेयी ने कहा कि गगन खटीक हत्याकाण्ड के लिए पुलिस का निक्कमापन जिम्मेदार है। उन्होंने कहा कि दादरी और अलीगढ़ में भेदभाव क्यों ? उन्होंने का कि बसपा सुप्रीमों द्वारा नसीमुद्दीन सिद्दीकी को दादरी भेजकर मुआवजा दिया जाना और अलीगढ़ गौरव खटीक पर चुप्पी बताती है कि वह अन्यायकारी राजनीति की पैरोकार है। डा0 बाजपेयी ने कहा कि गौरव के हत्यारे बसपा नेता जहीर का सपा सरकार के मंत्री आजम खां के साथ अलीगढ़ में ही मंच साझा करना बताता है कि सपा और बसपा दोनों ही दंगाईयों के साथ है।

प्रदेश प्रवक्ता डा0 चन्द्रमोहन ने बताया कि सात दिवसीय धरने के प्रथम दिन सांसद और उ0प्र0 के सह प्रभारी रमेश विधुड़ी एवं धरने के समापन पर प्रदेश अध्यक्ष डा0 लक्ष्मीकांत बाजपेयी रहेंगे। इसके साथ ही धरने पर प्रतिदिन ब्रज क्षेत्र के एक सांसद और विधायक, प्रदेश पदाधिकारी एवं क्षेत्र पदाधिकारी के सामूहिक नेतृत्व में धरना संचालित होगा। साथ ही क्षेत्र के एक जिला के कार्यकर्ता और अलीगढ़ जिला की एक विधानसभा के कार्यकर्ता धरने में भागीदारी कर धरने को सफल बनायेंगे।

Lucknow, Uttar Pradesh, India