पत्रकार राजीव चतुर्वेदी की संदिग्ध मौत की हो निष्पक्ष जांच: उपजा

पत्रकार राजीव चतुर्वेदी की संदिग्ध मौत की हो निष्पक्ष जांच: उपजा

लखनऊ। उत्तर प्रदेश जर्नलिस्ट्स एसोसिएशन(उपजा) ने पत्रकार, लेखक, कवि, चिंतक और सामाजिक कार्यकर्ता राजीव चतुर्वेदी की आज पुलिस हिरासत में संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत पर सरकार से निष्पक्ष जांच कराये जाने की मांग की है।  

उपजा के प्रान्तीय अध्यक्ष रतन कुमार दीक्षित व प्रान्तीय महामंत्री रमेश चन्द जैन ने राजीव चतुर्वेदी की मौत की उच्चस्तरीय व निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है ताकि राजीव चतुर्वेदी की मौत पर कोई संशय न रहे। पी0टी0आई0 के प्रमोद गोस्वामी ने राजीव चतुर्वेदी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत को असहनीय बताया है।  वरिष्ठ पत्रकार दादा पी0के0 राय,पी0बी0 वर्मा, वीर विक्रम बहादुर मिश्र व अजय कुमार ने भी राजीव चतुर्वेदी की मौत पर गहरा दुःख व्यक्त किया है। 

उल्लेखनीय है कि आज राजीव चतुर्वेदी की सरोजनीनगर थाने में मौत हो गई। एक धोखाधडी के मामले में पुलिस राजीव को पूछताछ के लिए सरोजनी नगर थाने में ले गई थी। पुलिस का दावा है कि राजीव को जबरदस्त हृदयाघात हुआ। और जैसे ही पुलिस उन्हें अस्पताल तक पहुंचाती, राजीव के प्राण-पखेरू उड गए। 

पत्रकार से व्यवसायी बने राजीव चतुर्वेदी मूलतः इटावा के रहने वाले वकील खानदान से थे। राजीव मानेजाने वकील भी थे। एक धोखाधडी के मामले में नाम आने के बाद राजीव ने वकालत छोड दिया और लखनऊ में जम गए।  वे आधारशिला ग्रुप के चेयरमैन थे। उन्होंने आधारशिला प्रकाशन के नाम से संस्थान शुरू किया। एक पत्रिका भी शुरू की थी बाद में यह पत्रिका बंद हो गई।

उ0प्र0 जर्नलिस्ट्स एसोसिएशन (उपजा) की लखनऊ इकाई के अध्यक्ष अरविन्द शुक्ला ने राजीव चतुर्वेदी की मौत पर गहरा दुखः व्यक्त करते हुए शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी संवेदनाए प्रकट की है और ईश्वर से प्रार्थना की है कि वह दुःख की इस घडी में परिजनों को सांन्त्वना प्रदान करे।

लखनऊ इकाई के महामंत्री के0के0वर्मा, उपाध्यक्ष सुशील सहाय, भरत सिंह, रत्नाकर मौर्य, कोषाध्यक्ष मंगल सिंह, मंत्री अनुराग त्रिपाठी, एस0बी0सिह, विकास श्रीवास्तव सहित वरिष्ठ पत्रकार अजय कुमार, पूर्व सूचना आयुक्त वीरेन्द्र सक्सेना, प्रभाकर शुक्ल, डाॅ0मत्स्येन्द्र प्रभाकर, रवीन्द्र जयसवाल,सुनील टी त्रिवेदी व तारकेश्वर मिश्र ने भी वरिष्ठ पत्रकार राजीव चतुर्वेदी के निधन पर गहरा दुखः व्यक्त किया है। 

Lucknow, Uttar Pradesh, India