मोदी-शरीफ बैठक में नहीं हुआ कोई समझौता

मोदी-शरीफ बैठक में नहीं हुआ कोई समझौता

बिना कश्मीर भारत से कोई बात नहीं: सरताज  

इस्लामाबाद। मुंबई हमले और आतंक पर पाकिस्तान एक बार फिर अपने वादे से मुकर गया है। रूस के उफा में हुए समझौते से पलटते हुए पाकिस्तान ने कहा कि भारत को मुंबई हमले पर और सबूत देने होंगे। पाकिस्तान ने मोदी-नवाज की बातचीत को अनौपचारिक बताते हुए समझौते को भी मानने से इनकार कर दिया है।

सुरक्षा और विदेशी मसलों पर पाकिस्तान के पीएम नवाज शरीफ के सलाहकार सरताज अजीज ने भारत से मुंबई हमले से जुड़े और सबूत मांगे हैं। सरताज ने प्रेस कांफ्रेंस कर कहा कि हमें भारत से और सबूत चाहिए। अजीज ने कहा कि उफा में नवाज और मोदी की बातचीत अनौपचारिक थी और ऐसा कोई समझौता नहीं हुआ जिसे मानने की कोई बाध्यता हो। साथ ही सरताज अजीज ने कहा कि बिना कश्मीर के कोई बात नहीं होगी।

पाक ने मारी पलटी, कहा- अनौपचारिक थी मोदी-शरीफ बैठक, नहीं मानेंगे समझौता पाकिस्तान के सुरक्षा सलाहकार सरताज अजीज ने भारत से मुंबई हमले से जुड़े और सबूत मांगे हैं। सरताज ने प्रेस कांफ्रेंस कर कहा कि हमें भारत से और सबूत चाहिए।

बता दें कि रूस के उफा में पीएम नरेंद्र मोदी और पाक पीएम नवाज शरीफ के बीच हुई बातचीत में तय हुआ था कि पाकिस्तान भारत को आतंकी लखवी के वॉयस सैंपल मुहैया कराएगा और मुंबई हमले पर कार्रवाई तेज करेगा। लेकिन आज पाकिस्तान ने इससे मुकरने के साफ संकेत दे दिए।

10 जुलाई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पाकिस्तानी पीएम नवाज शरीफ के बीच आज रूस के उफा में औपचारिक मुलाकात हुई थी। ये मुलाकात करीब एक घंटा चली थी। भारत की ओर से वार्ता प्रतिनिधिमंडल में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोवाल और विदेश सचिव एस. जयशंकर भी शामिल थे। वहीं, पाकिस्तान की ओर से वार्ता प्रतिनिधिमंडल में विदेश मामलों के सलाहकार सरताज अजीज सहित अन्य अधिकारी भी शामिल थे। दोनों के बीच आतंकवाद समेत द्विपक्षीय मुद्दों पर बातचीत हुई।

दोनों नेताओं के बीच बातचीत के बाद विदेश सचिवों की संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस में पाक विदेश सचिव एजाज अहमद चौधरी ने कहा था कि मुलाकात सौहार्दयपूर्ण वातावरण में हुई। दोनों नेताओं ने आतंकवाद की निंदा की और इसे खत्म करने के लिए आपसी सहयोग की बात की।

वहीं भारतीय विदेश सचिव एस जयशंकर ने कहा कि वायस सैंपल के आधार पर मुंबई हमले का ट्रायल जारी रखने पर सहमति हुई। साथ ही धार्मिक टूरिज्म पर सहयोग बढा़ने पर भी सहमति बनी। नवाज शरीफ ने 2016 के सार्क समिट के लिए पीएम मोदी को पाकिस्तान आने का न्योता दिया जिसे पीएम ने स्वीकार कर लिया।