नई दिल्ली: बैंकों का रुपया लेकर भागे विजय माल्या के वित्त मंत्री अरुण जेटली से मुलाकात वाले बयान के बाद कांग्रेस पूरी तरह से आक्रामक हो गई है. कांग्रेस के प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने आरोप लगाते हुये कहा कि पिछले 48 घंटे के घटनाक्रम में रहस्य की और ज्यादा परतें खुलती जा रही हैं. उन्होंने कहा, 'लगता है भाजपा आजकल माल्या उड़, मेहुल चोकसी उड़, नीरव मोदी उड़ का खेल खेल रही है. प्रधानमंत्री मोदी और वित्त मंत्री जेटली की रहस्यमयी चुप्पी अपराध की स्वीकारोक्ति की ओर ईशारा करती है. अरुण जेटली 30 महीनों तक 1 मार्च को विजय माल्या से हुई मुलाकात पर चुप्पी क्यों साधे रहे?सीबीआई सीधे प्रधानमंत्री के अधीन काम करती है और यदि सीबीआई ने अपनी गलती मानी है तो प्रधानमंत्री कैसे जिम्मेदार नही हैं?

कांग्रेस प्रवक्ता ने सवाल उठाते कहा कि जब भगोड़ा विजय माल्या 1 मार्च को वित्त मंत्री को ये कह रहा था कि वो लंदन जा रहा है, तो वित्त मंत्री ने सीबीआई, एसएफआईओ, ईडी को क्यों नहीं बताया? सुरजेवाला ने पूछा कि मोदी सरकार में वो कौन व्यक्ति है जो एसबीआई और दूसरे बैंकों को इस बात के लिये मजबूर कर रहा था कि वो 29 फरवरी को सुप्रीम कोर्ट में मुकदमा दायर न करें? तत्कालीन अटार्नी जनरल मुकुल रोहतगी ने कल कहा है कि विजय माल्या को किसी ने राय दी थी कि वो देश से भाग जाए; वो कौन व्यक्ति है जो माल्या को देश छोड़कर भाग जाने की राय दे रहा था?

गौरतलब है लंदन में विजय माल्या ने कहा है कि वह भारत छोड़ने से पहले वित्त मंत्री अरुण जेटली से मिले थे और उनसे कर्ज के सेटलमेंट के बारे में कहा था. माल्या के इस बयान के बाद से मोदी सरकार पर कांग्रेस के हमले तेज हो गए हैं. कांग्रेस सांसद पीएल पुनिया ने कहा कि उन्होंने संसद में देखा था कि विजय माल्या को अरुण जेटली से बातचीत करते देखा था.