डिस्कवरी चैनल की नयी प्रस्तुति अर्थक्वेकः डिज़ास्टर इन नेपाल 8 जून से

डिस्कवरी चैनल की नयी प्रस्तुति अर्थक्वेकः डिज़ास्टर इन नेपाल 8 जून से

नई दिल्ली: डिस्कवरी चैनल नेपाल में आये भयंकर भूकम्प से हुई तबाही को अपने नए कार्यक्रम अर्थक्वेकः डिज़ास्टर इन नेपाल में पेश करेगा । एक घंटे का ये कार्यक्रम पूरी 220 से ज्यादा देशों  में दिखाया जाएगा। यह प्रोग्राम को भारत में सोमवार, 8 जून को रात 9 बजे दिखाया जाएगा।

25 अप्रैल को नेपाल में आए विनाशकारी भूकंप की वजह से जबर्दस्त तबाही हुई और इसमें आठ हजार से ज्यादा लोगों की जान चली गई, जिनमें 18 पर्वतारोही शामिल थे, जो भूकंप के समय माउंट एवरैस्ट के बेस कैम्प पर थे। नेपाल की राजधानी काठमांडू में मौजूद कई ऐतिहासिक इमारतें मलबे के ढेर में बदल गईं और कई पीढि़यों पुराने पारिवारिक घर जमींदोज हो गए। 

कार्यक्रम के बारे में राहुल जौहरी, ई वी पी और जनरल मैनेजर - साउथ एशिया एंड साउथ ईस्ट एशिया, डिस्कवरी नैटवक्र्स एशिया पैसिफिक ने कहा, ‘अर्थक्वेकः डिज़ास्टर इन नेपाल प्रोग्राम दर्शकों को भूकंप के केन्द्र में ले जाकर, इंसान को ज्ञात एक बेहद डरावने अनुभव से रूबरू कराता है। इस विशेष कार्यक्रम में इन घटनाओं के पीछे मौजूद विज्ञान के साथ-साथ उन लोगों की निजी कहानियों को भी शामिल किया गया है, जिन्होंने इस भूकंप को अनुभव किया।’

कार्यक्रम में विशेषज्ञों के इंटरव्यू और भूकंपीय सिमुलेशन दिखाई जाएंगी ताकि भूकंपों के पीछे मौजूद विज्ञान की व्याख्या की जा सके। कार्यक्रम में काठमांडू में चलाए गए बचाव अभियानों की फुटेज, पूरी दुनिया की न्यूज रिपोर्ट और उस नई टैक्नाॅलाॅजी और शोध की खास झलक भी पेश की जाएगी, जिसे इसलिए विकसित किया जा रहा है ताकि मानव भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदाओं के बारे में बेहतर ढंग से पूर्वानुमान लगा सके, और उनका सामना कर सकें। इस प्रोग्राम में उन लोगों को भी दिखाया जाएगा जो इस प्राकृतिक हादसे में जिंदा बच गए। इनमें एक मां है जिसका बच्चा 22 घंटे तक मलबे में दबा रहा, एक विद्यार्थी है जो शहर के दरबार स्क्वेयर में एक बहुमंजिली इमारत के नीचे कुचला गया और एक नवविवाहित जोड़ा भी जो एवरैस्ट के बेस कैम्प-1 पर अवलांच में फंस गया। इसके अलावा प्रोग्राम में दर्शक लोगों द्वारा खींची गई तस्वीरों और फिल्मों तथा सोशल मीडिया का लेखा-जोखा भी लेंगे।