मेट्रो परियोजना के क्रियान्वयन में शिथिलता बर्दाश्त नहीं : आलोक रंजन

मेट्रो परियोजना के क्रियान्वयन में शिथिलता बर्दाश्त नहीं : आलोक रंजन

अक्टूबर 2016 तक काम पूरा होने के लिए निर्धारित माइलस्टोन के अनुरूप प्राथमिकता के साथ कराया जायकार्य: मुख्य सचिव

लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव आलोक रंजन ने कहा कि लखनऊ मेट्रो रेल के प्राथमिक सेक्शन के अंतर्गत 08 स्टेशनों के निर्माण कार्य एक साथ प्रारम्भ कराने के साथ-साथ मेट्रो का कार्य अक्टूवर 2016 तक पूर्ण कराने हेतु निर्धारित माइलस्टोन के अनुरूप कार्य प्राथमिकता के साथ कराया जाय। उन्होंने कहा कि  मेट्रो रेल परियोजना के स्टेशन तथा अन्य उपयोगों हेतु विभिन्न राजकीय एवं अर्द्धराजकीय विभागों द्वारा आवश्यक भूमि प्राथमिकता के आधार पर लखनऊ मेट्रो रेल काॅरपोरेशन को उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाय। 

मुख्य सचिव आज शास्त्री भवन स्थित अपने कार्यालय कक्ष के सभागार में लखनऊ मेट्रो रेल काॅरपोरेशन कार्यो की प्रगति की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि लखनऊ मेट्रो रेल परियोजना प्रदेश सरकार की एक अत्यन्त महत्वाकांक्षी परियोजना है तथा इस परियोजना के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की शिथिलता एवं लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी। उन्होने समस्त संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिये कि प्राथमिकता के आधार पर चिन्हित भूमि को लखनऊ मेट्रो रेल काॅरपोरेेशन कों तत्काल हस्तानंातरित कर दे। उन्होने लखनऊ विकास प्राधिकरण से प्राप्त होने वाली भूमि को लीज पर उपलब्ध कराने हेतु आवास एवं शहरी नियोजन विभाग को तत्काल कार्यवाही करने के भी निर्देश दिये।

श्री रंजन ने परियोजना के कार्याे पर संतोष व्यक्त करते हुए निर्देश दिये कि परियोजना के कार्यो में और अधिक तेजी लायी जाय ताकि निर्धारित अवधि में कार्य सुगमता से पूर्ण हो सके। उन्होने कहा कि कानपुर रोड पर मेट्रो के निर्माण के दृष्टिगत इस रोड से एयरपोर्ट जाने वाले ट्रैफिक को डायवर्ट करने हेतु वैकल्पिक मार्ग को तत्काल चिन्हित किया जाये। यदि भारी वाहनों के आवागमन हेतु वैकल्पिक मार्ग को सुदृढ़ करने की आवश्यकता हो तो लोक निर्माण विभाग द्वारा इस कार्य को शीघ्रता से कराया जाय। 

समीक्षा बैठक में प्रबन्ध निदेशक, लखनऊ मेट्रो रेल काॅरपोरेशन द्वारा यह अवगत कराया गया कि इस परियोजना के निम्नलिखित सिस्टम कार्याें हेतु लखनऊ मेट्रो रेल काॅरपोरेशन निविदायें आमंत्रित की जा रही हैं, जिसमें 6000 मीट्रिक टन हेड हार्डेन्ड रेल  की आपूर्ति,यू0आई0सी0 60 टर्न आउट्स, सिजर क्राॅस ओवर इत्यादि की आपूर्ति,.स्टेशन्स की आर्किटेक्चरल फिनिसिंग, वाॅटर सप्लाई, सेनेटरी इन्सटाॅलेशन, ड्रेनेज, एक्टर्नल डेवलपमेंट तथा इलैक्ट्रिकल व मैकेनिकल कार्य तथा ट्रैक्शन का कार्य प्रमुख हैं।

बैठक में प्रमुख सचिव, आवास एवं शहरी नियोजन सदाकान्त, प्रमुख सचिव, अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास महेश गुप्ता, लखनऊ मेट्रो रेल काॅरपोरेशन के प्रबन्ध निदेशक कुमार केशव व अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे।

Lucknow, Uttar Pradesh, India