हमेशा मेरे लिए जीत का सबब बनी हैं वास्तविक कहानियां: आनंद पंडित

हमेशा मेरे लिए जीत का सबब बनी हैं वास्तविक कहानियां: आनंद पंडित

“वास्तविक जीवन की कहानियाँ हमेशा मेरे लिए कारगर साबित हुई हैं। उनमें सहज रूप से दर्शकों के साथ जुड़ने की क्षमता होती है, क्योंकि पात्रों की कहानी वास्तविक, भावनात्मक और रोचक होती है। हालांकि मेरी कोशिश रही है कि मैं सभी जॉनर के लिए कंटेंट तैयार करूँ। लेकिन वास्तविक कहानियां हमेशा मेरे लिए जीत का सबब रही हैं और मैंने इस बात को महसूस किया है कि दर्शक कहानी से जुड़ना पसंद करते हैं।

उक्‍त बातें दिग्गज निर्माता आनंद पंडित ने कहीं, जो दर्शकों के बीच अपनी गहरी समझ के साथ कंटेंट इंडस्ट्री में एक गेम-चेंजर रहे हैं। वास्तविक जीवन की कहानियों को रूपहले पर्दे पर पेश करना उनकी खासियत रही है और वे वर्षों से इसको बखूबी कर रहे हैं। चाहे बेहद सफल फिल्म सत्यमेव जयते हो, पीएम नरेंद्र मोदी पर आधारित बायोपिक, उनकी हालिया रिलीज फिल्म 'बाटला हाउस' हो या उनकी अगली फिल्म सेक्शन 375, जिसका शीर्षक भारतीय कानूनों के ही एक सेक्शन पर आधारित है। पंडित का मानना है कि दर्शक वास्तविक जीवन की कहानियों से जुड़ते हैं।

आनंद पंडित ने अपने बैनर आनंद पंडित मोशन पिक्चर्स के तहत फिल्म इंडस्ट्री को कुछ शानदार फिल्में दी हैं। जिनमें 'प्यार का पंचनामा', 'ग्रेट ग्रैंड मस्ती', 'सरकार', 'सत्यमेव जयते', 'मिसिंग', 'बत्ती गुल मीटर चालू', 'टोटल धमाल', सैफ अली खान स्टारर 'बाजार' और पीएम नरेंद्र मोदी जैसी फिल्में शामिल हैं जिन्होंने दर्शकों के बीच काफी हलचल मचाई और दुनिया भर के भारतीयों को गुणवत्तापूर्ण मनोरंजन उपलब्ध कराया।