स्कूली बच्चों मे शांति व अहिंसा के गुणों को विकसित करने के लिए प्रदेश भर से  तैयार किए गए 34 प्रशिक्षक

स्कूली बच्चों मे शांति व अहिंसा के गुणों को विकसित करने के लिए प्रदेश भर से तैयार किए गए 34 प्रशिक्षक

लखनऊ: प्रज्ञा इंटरनेशनल ट्रस्ट और नान-वायलेन्स प्रोजेक्ट फ़ाउंडेशन इंडिया ने दो दिवसीय (29 और 30 अप्रैल) "स्कूलों में शांति के लिए" प्राथमिक स्तर की "प्रशिक्षकों के लिए प्रशिक्षण" कार्यक्रम आज दिनांक 30 अप्रैल को सम्पन्न हो गया, यह कार्यक्रम रिंग रोड , इन्दिरा नगर स्थित आईसीसीएमआरटी (सहकारी और कॉर्पोरेट प्रबंधन अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान) लखनऊ मे आयोजित किया गया था । इस चरणबद्ध प्रशिक्षण कार्यक्रम मे उत्तर प्रदेश के विभिन्न जनपदों से पधारे 34 महिला व पुरुष प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण पूरा किया। कार्यशाला के समापन कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एवं भारतीय प्रबंध संस्थान (आई आई एम ) लखनऊ के पूर्व डीन श्री सुब्रत चक्रवर्ती ने अपना प्रशिक्षण पूरा कर चुके भावी प्रशिक्षकों को बधाई दी और प्रमाणपत्र वितरित किया ।

कार्यक्रम का उद्देश्य ऐसे भावी प्रशिक्षकों की खेप तैयार करना था जो भारतीय स्कूलों में अनौपचारिक शैक्षिक कार्यक्रम के तहत स्कूली बच्चों को चरणबद्ध तरीके से, गुणवत्ता-परक विश्वस्तरीय प्रशिक्षण प्रदान करने में रुचि रखते हैं यह अनूठा और एक अनौपचारिक शैक्षिक कार्यक्रम भारतीय स्कूलों में भावी पीढ़ी मे आत्मसम्मान, शांतिपूर्ण संघर्ष संकल्प, शांति, अहिंसा, भारतीय संविधान, उपभोक्ता अधिकार, पर्यावरण, जीवन शैली और मानसिक स्वास्थ्य, भारतीय विरासत आदि को बढ़ाने के अहम भूमिका निभाएगा।

राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त जिन चार मुख्य प्रशिक्षकों द्वारा भावी प्रशिक्षकों को चरणबद्ध तरीके से प्रशिक्षण दिया वे हैं मूलतः अफगानिस्तान के रहने वाले श्री हयात अमीरी , अशोका फ़ेलोशिप से सम्मानित केरल से श्री एम वी मैथ्यू , यूनिसेफ़ के पूर्व अधिकारी श्री औगस्टिन वेलियथ और केरल से ही पधारे मशहूर प्रशिक्षक श्री थॉमस जॉन पेलककुडी।

समापन सत्र के अवसर पर प्रज्ञा इंटरनेशनल ट्रस्ट की संस्थापक सदस्या, ख्यातिप्राप्त इतिहाकार, मशहूर लेखिका और जयहिंद कॉलेज मुंबई की पूर्व प्रिन्सिपल प्रोफेसर श्रीमती कीर्ति नारायण, कंज़्यूमर कोआर्डिनेशन काउंसिल के नेशनल चेयरमैन श्री अभिषेक श्रीवास्तव जी , डॉ भानु, सहित आईसीसीएमआरटी के अधिकारीगण विशेष रूप से मौजूद रहे ।

Lucknow, Uttar Pradesh, India