मदरसों में भी अच्छी तालीम होती है : महंत राम दास

मदरसों में भी अच्छी तालीम होती है : महंत राम दास

नई दिल्ली: सेंट्रल शिया वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष वसीम रिजवी के मदरसों को लेकर दिए गए बयान पर फैजाबाद के हिंदू ओर मुस्लिम धर्मगुरुओं ने कड़ी आलोचना की है.

नाका हनुमानगढ़ी के महंत राम दास में वसीम रिजवी की बयान की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि वसीम रिजवी को मदरसों पर इस तरह के बयान नहीं देनी चाहिए. उन्होंने कहा कि मदरसे में भी अच्छी तालीम होती है.

मदरसों से भी अच्छे अधिकारी अच्छे इंजीनियर और नेता निकल चुके हैं. उन्होंने कहा कि पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम ने भी वहीं तालीम ली. साथ ही महंत राम दास ने कट्टरवादी तत्वों का विरोध भी किया.

दूसरी तरफ शहर के मौलाना समीर हैदर ने कहा कि लगता है वसीम रिजवी ने मदरसे से तालीम नहीं हासिल की है. उन्होंने कहा कि वसीम रिजवी मदरसा जाकर तालीम का जायजा लें, फिर इस तरह का बयान दें. मौलाना ने कहा कि राजनीतिक फायदे के लिए वसीम रिजवी इस तरह का वक्तव्य दे रहे हैं, जो कि निंदनीय है.

बता दें कि मंगलवार को शिया सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी ने पीएम नरेंद्र मोदी को चिट्ठी लिखकर मदरसा शिक्षा को खत्म करने की मांग की. साथ ही उन्होंने सभी मदरसे को सीबीएसई और आईसीएसई पाठ्यक्रम से जोड़ने को भी कहा.

इस दौरान वसीम रिजवी ने आरोप लगाते हुए कहा कि ज्यादातर मदरसे जकात के पैसे से चल रहे हैं. जो भारत में बांग्लादेश और पाकिस्तान जैसे देशों से आ रहे हैं. कुछ आतंकवादी संगठन भी अवैध रूप से चल रहे मदरसों को फंड दे रहे हैं. इस रिपोर्ट में यह भी लिखा गया है कि मुस्लिम इलाकों में ज्यादातर मदरसे सऊदी अरब के भेजे धन से चल रहे हैं. इसकी जांच की जानी चाहिए.

Uttar Pradesh, India