मुंबई: इस्लामिक डेवलपमेंट बैंक (आईडीबी) की एक इकाई ने कहा कि इस्लामिक वित्तीय व्यवस्था में डूबते कर्ज जैसी समस्याएं कम होती है और वह रिजर्व बैंक को भारत में वित्तपोषण के वैकल्पिक तरीके के लिए समझाने का प्रयास करेगा।

आईडीबी की निजी क्षेत्र की इकाई इस्लामिक कॉर्पोरेशन फॉर द डेवलपमेंट ऑफ प्राइवेट सेक्टर (आईसीडी) के मुख्य कार्यकारी खालिद मोहम्मद अल-अबूदी ने कहा, ‘हम इस्लामिक फाइनेंस पर उनके विचार समझने का प्रयास करेंगे। अगर वे समझते हैं कि यह भारत में लागू हो सकते हैं तो हम उन्हें पूरा समर्थन करेंगे। हम यह देखेंगे कि हम किस तरह से इसमें सहयोग कर सकते हैं।’

ल अबूदी ने कहा कि अपनी यात्रा के दौरान रिजर्व बैंक के अधिकारियों से मिलेंगे और उनके साथ इस मुद्दे पर विचार विमर्श करेंगे।