बीसीसीआई में ऑपरेशन 'क्लीन अप'

बीसीसीआई में ऑपरेशन 'क्लीन अप'

IPL गवर्निंग काउंसिल से रवि शास्त्री, सेलेक्शन कमिटी से रोजर बिन्नी की छुट्टी

मुंबई: हितों के टकराव के मसले पर कड़ा रुख अख्तियार करने के अपने वादे के अनुरूप ऑपरेशन 'क्लीन अप' के तहत बीसीसीआई ने सोमवार को कई सुधारों का ऐलान किया, जिनमें एक रिटायर्ड जज की न्यायमित्र के तौर पर नियुक्ति भी शामिल है।

बोर्ड ने अपनी कुछ उपसमितियों में भी छंटनी की और टीम इंडिया के निदेशक रवि शास्त्री को आईपीएल संचालन परिषद से हटा दिया। इसके अलावा हितों के टकराव से बचने के लिए रोजर बिन्नी को भी चयन समिति से हटा दिया गया है।

ये फैसले बोर्ड की आमसभा की 86वीं सालाना बैठक में लिए गए। पूर्व कप्तान सौरव गांगुली को अनिल कुंबले की जगह बोर्ड की तकनीकी समिति का अध्यक्ष बनाया गया है। इसके साथ ही विशाखपत्तनम, रांची, इंदौर, पुणे, धर्मशाला और राजकोट को टेस्ट वेन्यू का दर्जा दिया गया।

बीसीसीआई अध्यक्ष शशांक मनोहर ने बैठक के बाद कहा, बैठक में सभी ने बोर्ड को साफ-सुथरा और पारदर्शी बनाने के पक्ष में बात की। जस्टिस (रिटायर्ड) एपी शाह को न्यायमित्र बनाया गया, जो हितों के टकराव की किसी भी शिकायत पर जांच करेंगे।

उन्होंने कहा, सैद्धांतिक तौर पर हमने हितों के टकराव के मसले पर फैसला लिया है। इसका ब्यौरा कानून समिति दो महीने के भीतर तय करेगी। मनोहर ने कहा, बोर्ड द्वारा नियुक्त न्यायमित्र जस्टिस एपी शाह होंगे, जो हितों के टकराव पर शिकायतों पर गौर करेंगे। बोर्ड ने पेशेवरों की नियुक्ति का फैसला किया है। बोर्ड की एजीएम की पूरी रिपोर्ट वेबसाइट पर है। गगन खोड़ा और एमएसके प्रसाद चयन समिति के नए सदस्य होंगे, जो राजिंदर सिंह हंस और बिन्नी की जगह लेंगे।

बीसीसीआई ने राजीव शुक्ला को ही आईपीएल संचालन परिषद का अध्यक्ष बनाए रखने का फैसला किया है। समिति में ज्योतिरादित्य सिंधिया, एमपी पांडोव, अजय शिर्के और गांगुली हैं।

मनोहर ने कहा, मैंने एक महीने पहले कहा था कि हम व्यवस्था को साफ-सुथरा बनाएंगे और बोर्ड को पारदर्शी ढंग से चलाएंगे, हमने उस पर अमल किया है। यह सफाई अभियान 2013 आईपीएल स्पॉट फिक्सिंग प्रकरण के मद्देनजर शुरू किया गया। सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियुक्त जस्टिस आरएम लोढा समिति ने चेन्नई सुपर किंग्स और राजस्थान रॉयल्स को उसके अधिकारियों के सट्टेबाजी में लिप्त पाए जाने के बाद दो साल के लिए निलंबित कर दिया था। मनोहर ने बताया कि दो नई टीमों के लिए नीलामी जल्दी ही होगी।

उन्होंने कहा, फिलहाल बोर्ड आंतरिक तौर पर आईपीएल मसलों पर गौर कर रहा है। जरूरत पड़ने पर हम किसी की सेवाएं ले सकते हैं। आईएमजी को आईपीएल के लिए 28 करोड़ रुपये दिए गए। हमने उनसे बात की और उन्हें कहा है कि इसका संचालन उनका काम है।

मनोहर ने कहा, हम दो नई टीमों के लिए ड्राफ्ट नीलामी करेंगे और उन्हें पांच-पांच खिलाड़ियों की अनुमति रहेगी। रोजर बिन्नी को चयन समिति से हटाने के बारे में उन्होंने कहा कि यह फैसला इसलिए किया गया है, ताकि उनके बेटे स्टुअर्ट को चयनकर्ता का बेटा होने की आलोचना नहीं झेलनी पड़े।

उन्होंने कहा, नजरिया बदलना होगा। स्टुअर्ट बिन्नी के साथ नाइंसाफी नहीं होनी चाहिए। हम उसका करियर बर्बाद नहीं कर सकते। उसे मीडिया की आलोचना का शिकार नहीं होना चाहिए। रोजर बिन्नी का बेटा होने का यह मतलब नहीं है कि वह खेल नहीं सकता। मनोहर ने पाकिस्तान के साथ द्विपक्षीय सीरीज से जुड़े सवालों का जवाब नहीं दिया।

उन्होंने कहा, हमें पाकिस्तान के खिलाफ खेलने के लिए सरकार की अनुमति चाहिए और सरकार का जो भी रवैया होगा, वही बोर्ड का भी होगा। मनोहर के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस में मौजूद अनुराग ठाकुर से जब पूछा गया कि डीडीसीए की आंतरिक लड़ाई के चलते क्या अगले महीने वहां भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच टेस्ट होगा, उन्होंने कहा, 17 नवंबर तक डीडीसीए राज्य सरकार से तमाम अनुमति लेकर बोर्ड से संपर्क करेगा। यदि ऐसा नहीं होता, तो मैच पुणे में होगा।