स्वास्थ्य का महत्व समझते है लखनऊवासी: अमित भंडारी

स्वास्थ्य का महत्व समझते है लखनऊवासी: अमित भंडारी

भारतीय मिलेनियल कड़ी मेहनत के साथ मौज-मस्ती का जीवन बिताते हैं: आईसीआईसीआई लोम्बार्ड

लखनऊ: भारतीय मिलेनियल (जिनका जन्म 80 से 90 के दशक के बीच में हुआ) कड़ी मेहनत करते हैं और जमकर पार्टियां करते हैं; यह बात आईसीआईसीआई लोम्बार्ड जीआईसी सर्वे आॅन अंडरस्टैंडिंग लाईफ ऐंड ऐटिट्युड टोवार्ड्स हेल्थ आॅफ मिलेनियल में उभरकर सामने आई है। भारत की प्रमुख सामान्य बीमा कंपनियों में से एक, आईसीआईसीआई लोम्बार्ड ने लखनऊ, दिल्ली, कोलकाता, मुंबई, बेंगलुरू, चंडीगढ़, हैदराबाद और अहमदाबाद में बहु-शहरीय सर्वेक्षण कराया। इस सर्वेक्षण में 25 - 35 वर्ष की औसत आयु वाले लक्षित समूह के लोगों ने हिस्सा लिया, ताकि कमाऊ आबादी के हिस्से पर ध्यान दिया जा सके।

इस सर्वेक्षण के बारे में आईसीआईसीआई लोम्बार्ड के हेल्थ एंड एग्री इनश्योरेन्स के हेड अमित भंडारी ने बताया कि लखनऊ के भारतीय मिलेनियल्स कड़ी मेहनत करने वाले, महत्वाकांक्षी और अधिक पैसा खर्च करने वाले हैं, जो हर महीने अपनी आय का लगभग 69 प्रतिशत हिस्सा खर्च कर देते हैं। हालांकि, लखनऊ के मिलेनियल्स अन्य शहरों के अपने साथियों के मुकाबले थोड़ा अधिक बचाते हैं। 

दिलचस्प बात यह है कि लखनऊ के अधिक मिलेनियल्स दूसरे शहर के अपने साथियों के मुकाबले स्वयं पर अधिक खर्च करते हैं। जबकि, उनकी आय का 50 प्रतिशत हिस्सा घर-परिवार के कामों पर खर्च होता है, इसके बाद उनकी आय का एक बड़ा हिस्सा ईएमआई पर चला जाता है, वे घुमने-फिरने और मनोरंजन पर भी काफी पैसा खर्च करते हैं। हालांकि, लखनऊ में रहने वाले मिलेनियल्स अपनी आय का मात्र 6 प्रतिशत हिस्सा स्वास्थ्य और चिकित्सा पर खर्च करते हैं। ऐसे में यह बात उभरकर सामने आई कि यह अबीमित मिलेनियल अपने बीमित साथियों के मुकाबले बचत कम कर पाता है और चिकित्सा पर अधिक खर्च करता है।

अमित भंडारी ने कहा, ‘‘अर्थव्यवस्था को नया आकार देने के लिए तैयार, मिलेनियल पीढ़ी प्रमुखता से खर्च करने वाली अपनी उम्र में है। आईसीआईसीआई लोम्बार्ड के सर्वेक्षण से यह जानकर खुशी हुई कि वे अच्छे स्वास्थ्य के महत्व को समझते हैं। हालांकि, औसत मिलेनियल के बीच स्वास्थ्य बीमा को लेकर जागरूकता का जो स्तर है, वह काफी कम है और उन्हें इसके फायदों की सीमित समझ है। ऐसे में यह महत्वपूर्ण हो जाता है कि उनका मार्गदर्शन किया जाये ताकि वे अपनी युवावस्था में स्वस्थ और तंदुरूस्त बने रहने के लिए बीमा कराने का महत्व महसूस कर सकें।’’

सर्वेक्षण के अनुसार, लखनऊ के अधिकांश मिलेनियल्स ने 30 वर्ष की उम्र में पाॅलिसी खरीदी, उनका मानना है कि इसे और पहले अर्थात 25 वर्ष की उम्र में या कम-से-कम 30 वर्ष से पहले खरीद लिया जाना चाहिए। लखनऊ के 90 प्रतिशत मिलेनियल फ्लोटर प्लान के तहत कवर हैं। आश्चर्य की बात यह है कि 55 प्रतिशत मिलेनियल अभी भी कर से छूट पाने के लिए स्वास्थ्य बीमा खरीदते हैं। यह स्वास्थ्य बीमा के प्रति जागरूकता पैदा करने की आवश्यकता पर जोर देता है, ताकि वे इसे चिकित्सीय आपात स्थितियों के दौरान आर्थिक सुरक्षा के उपकरण के रूप में देख सकें न कि कर नियोजन उपकरण के रूप में।