अखिलेश सरकार के खिलाफ धरने पर बैठे भाजपा सांसद, विधायक

अखिलेश सरकार के खिलाफ धरने पर बैठे भाजपा सांसद, विधायक

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की ध्वस्त कानून व्यवस्था, विद्युत मूल्यों में भारी वृद्धि, कालाबाजारी और सपाई भ्रष्टाचार के विरोध में भारतीय जनता पार्टी के सांसदों का 24 घण्टे का धरना विधानसभा के सामने आरम्भ हुआ। पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता डा0 मनोज मिश्र ने बताया कि पार्टी के सांसदों का एक दिवसीय धरना प्रदेश अध्यक्ष डा0 लक्ष्मीकांत बाजपेयी के नेतृत्व में शुरू हुआ।

डा0 मिश्र ने बताया कि भारतीय जनता पार्टी द्वारा चलाये जा रहे आंदोलन के क्रम में 24 घण्टे के सांसदों के धरने में प्रदेश के सांसद, विधायक तथा पार्टी पदाधिकारीगण शामिल हुए। सांसदों के कहा कि बिजली की दुव्र्यवस्था, वितरण में कुप्रबन्धन के बावजूद चार बार विद्युत मूल्य में भारी वृद्धि की गई। विद्युत व्यवस्था में भ्रष्टाचार और कुप्रबन्ध के कारण बसपा सरकार ने अपने 5 साल के कार्यकाल में मूल्य में 28 प्रतिशत की वृद्धि की जबकि सपा ने सारे रिकार्ड तोड़ते हुए 3 साल में 47 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी की है।

किसानों के साथ मुआवजे में भेदभाव/भ्रष्टाचार, किसानों के रवी की फसल, गेहूँ के समर्थन मूल्य पर खरीद न होने के कारण औने-पौने दामों में बिचैलियों को बेचना, प्रदेश के आलू और गन्ना किसानों की चिंताजनक दुर्दशा और किसानों में हाहाकार होना, प्रदेश की हालत बयां कर रहे है। सांसदों ने सपा सरकार में ध्वस्त कानून व्यवस्था का मुद्दा जोर-शोर से है, प्रदेश की भोली-भाली जनता को लूटा जा रहा है। थाने लूट के अड्डे बन गये है।

डा0 मिश्र ने बताया कि सांसदों ने बढ़ती महंगाई और कालाबाजारी पर राज्य सरकार द्वारा अकुंश न लगा पाने को सरकार की घोर विफलता बताया। प्रदेश की सपा सरकार हर क्षेत्र में असक्षम सिद्ध हुई है। कालाबाजारी सरकारी तंत्र के संरक्षण पल और पनप रही है। मा0 सांसदों में भू-माफिया एवं अवैध खनन को सरकार द्वारा संरक्षण देने का आरोप लगाया। निषाद समाज के लोगों पर आंदोलन के दौरान दर्ज मुकदमों को वापस लेकर दोषी अधिकारियों पर कार्यवाही की मांग भी सांसदो ने की।

सांसदों ने आरोप लगाया कि प्रदेश के सभी भर्ती बोर्ड और आयोग भ्रष्टाचार के अड्डे बने हुए है। जातिवाद, परिवारवाद, क्षेत्रवाद, भाई-भतीजावाद और पैसावाद  चयन का, आधार बन गये है। प्रदेश के लोकसेवा आयोग, उच्च शिक्षा सेवा आयोग, माध्यमिक शिक्षा सेवा आयोग सहित सभी आयोग और बोर्डो के सदस्यों पर भ्रष्टाचार के आरोप लगे है। उ0प्र0 लोकसेवा आयोग के चैयरमैन डा0 अनिल यादव के घोटालों से प्रदेश के युवा त्रस्त है और आंदोलन रत हैं। पुलिस की भर्ती में बड़े पैमाने पर घपला किया गया। भ्रष्टाचार के लिए जिम्मेदार लोग इस सरकार में फल-फूल रहे है और पनप भी रहे हैं प्रदेश में भ्रष्टाचार नित नये-नये आयाम तय कर रहा हैं।

सांसदों के इस धरने में प्रदेश अध्यक्ष डा0 लक्ष्मीकांत बाजपेयी के आलावा विनय कटियार, नेता विधान मण्डल दल सुरेश खन्ना, नेता विधान परिषद हृदय नारायण दीक्षित, लल्लू सिंह, महेन्द्र नाथ पाण्डेय, ब्रजभूषण शरण सिंह, जगदंबिका पाल, हरीश द्विवेदी, वीरेन्द्र सिंह मस्त, विनोद सोनकर, राघव लखन पाल, भारतेन्दु सिंह, डाॅ0 यसवंत सिंह, राजेन्द्र अग्रवाल, डा0 सतपाल सिंह, डा0 भोला सिंह, सतीश गौतम, राजेश दिवाकर, चैधरी बाबूलाल, राजवीर सिंह, धर्मेन्द्र कुमार कश्यप, श्रीमती कृष्णा राज, अजय मिश्र ’टेनी’, श्रीमती रेखा वर्मा, राजेश वर्मा, अंशुल वर्मा, श्रीमती अंजू बाला, कौशल किशोर, मुकेश राजपूत, देवेन्द्र भोले, भानु वर्मा, पुष्पेन्द्र सिंह चन्देल, भैरो प्रसाद मिश्रा, केशव मौर्या, श्यामा चरण गुप्त, श्रीमती प्रियंका रावत, सावित्री बाई फुले, दद्न मिश्र, कीर्ति वर्धन सिंह, शरद त्रिपाठी, पंकज चैधरी, कमलेश पासवान, श्रीमती नीलम सोनकर, हरि नारायण राजभर, रविन्द्र कुशवाहा, भरत सिंह, के0पी0 सिंह, छोटे लाल खरवार आदि उपस्थित रहे।

Lucknow, Uttar Pradesh, India