योग भारतीय संस्कृति की विरासत है: राजनाथ

योग भारतीय संस्कृति की विरासत है: राजनाथ

lucknow : केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि कुछ लोग जानबूझ कर योग को मजहब से जोड़ते हैं। योग मजहबी नहीं मानवीय है। उन्‍होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने संयुक्त राष्ट्र संघ में जब योग का प्रस्ताव रखा था तो 177 देशों ने उसका समर्थन किया। आज दुनिया के 199 देशों में योग हो रहा है। इनमें 46 मुस्लिम देश हैं। राजनाथ सिंह मंगलवार को अंतरराष्‍ट्रीय योग दिवस के मौके पर लखनऊ के केडी सिंह बाबू स्‍टेडियम में लोगों को सम्‍बोधित कर रहे थे। इस मौके पर कई विशिष्‍ट अतिथि, केंद्रीय सुरक्षा बलों के जवान, भारतीय जनता पार्टी के नेता और कार्यकर्ताओं के आदि के साथ केंद्रीय गृहमंत्री ने योग किया। मैदान में पानी भरा होने और बारिश के बीच जोशोखरोश के साथ सभी ने योग किया। इसी मौके पर राजनाथ सिंह ने कहा कि योग समग्रता, सामंजस्य और संतुलन का दूसरा नाम है। यह भारतीय संस्कृति की विरासत है। राजनाथ सिंह ने बारिश की ओर इशारा करते हए कहा कि इतनी विपरीत परिस्थितियों में भी लोग योग करने के लिए डटे रहे, ये देश की एकजुटता को दिखाता है। उन्‍होंने बारिश में भीगते हुए योगाभ्यास करके लोगों के जोश को बनाये रखा। राजनाथ सिंह ने कई मुश्किल आसनों को करके सभी को हैरत में डाल दिया। बाद में उन्होंने खुलासा किया कि वह रोज योगाभ्‍यास करते हैं।

Lucknow, Uttar Pradesh, India