अपने नाम को अपने काम से सार्थक कर रहा है हेल्प यू ट्रस्ट: नीरज

अपने नाम को अपने काम से सार्थक कर रहा है हेल्प यू ट्रस्ट: नीरज

डा0 गोपाल दास ‘नीरज’ के जन्मदिवस पर “नीरज निशा”  “हेल्प यू बाल गोपाल शिक्षा योजना” का शुभारम्भ 

लखनऊ: संस्कृति विभाग, उत्तर प्रदेश एंव हेल्प यू एजूकेशनल एवं चैरिटेबल ट्रस्ट के संयुक्त तत्वावधान में रविवार को इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान, गोमती नगर, लखनऊ में पद्मभूषण डा0 (कवि) श्री गोपाल दास ‘नीरज’  के 91वें जन्मदिवस के अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रम “नीरज निशा” का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में हेल्प यू एजूकेशनल एवं चैरिटेबल ट्रस्ट ने “हेल्प यू बाल गोपाल शिक्षा योजना” का शुभारम्भ किया जिसमें हेल्प यू एजूकेशनल एवं चैरिटेबल ट्रस्ट ने 91 गरीब बच्चों को 12वीं तक की निशुःल्क शिक्षा प्रदान करने की जिम्मेदारी ली।

राष्ट्रगान से कार्यक्रम का उद्घाटन हुआ एवं कार्यक्रम का शुभारम्भ पद्मभूषण  डा0 (कवि) श्री गोपाल दास ‘नीरज’ ने दीप प्रज्जवलन कर किया व हेल्प यू एजुकेशनल एवं चैरिटेबल ट्रस्ट के फाउन्डर ट्रस्टी श्री हर्ष वर्धन अग्रवाल ने नीरज जी का प्रतीक चिन्ह, अंग वस्त्र व पुष्प गुच्छ द्वारा सम्मान किया। नीरज जी का 91वाँ जन्मदिवस पारम्परिक रीति रिवाजों के साथ मनाया गया जिसमें लखनऊ शहर के 11 प्रकान्ड पंडितों ने नीरज जी की लम्बे व स्वस्थ्य जीवन हेतु श्लोक पढ़े व उनका तिलक लगाकर अभिनन्दन किया। आचार्य श्री प्रसाद उपाध्याय जी के नेतृत्व में 11 वैदिक विद्वानों ने उनके दिर्घायू एवं जीवन पर्यन्त पूर्णस्वास्थ्यमय जीवन की शुभ कामना करते हुये दूध, कुशोदक एवं औषधि मिश्रित जल से महामृत्युन्जय भगवान शिव जी की प्रसन्नता हेतु महारूद्राभिषेक कार्यक्रम सम्पन्न किया। भगवान आशुतोष उनको दीर्घायू पूर्ण स्वस्थ्य बनाऐं रखें। हर्ष वर्धन अग्रवाल एवं डा0 श्रीमती रूपल अग्रवाल के पुत्र तुलसी वर्धन अग्रवाल ने “नीरज जी“ को लड्डु खिलाकर उनका 91वाँ जन्मदिवस समारोह सम्पन्न किया। उपस्थित सभी लोगों को घर होटल हरदोई के द्वारा लड्डु के डिब्बे वितरित किये गये।

हेल्प यू ट्रस्ट के फाउन्डर ट्रस्टी श्री हर्ष वर्धन अग्रवाल ने सभी लोगों का स्वागत किया व कहा ,“ मत ढूंढिये उसे शब्दों के नुमाइश घर में, हर पपीहा यहां नीरज का पता देता है।“ ये चन्द लाइनें इस बात का जीवन्त प्रमाण हैं कि पद्मभूषण माननीय डा0 श्री गोपाल दास नीरज जी किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं। आज उनका 91वाँ जन्म दिवस है और उत्तर प्रदेश संस्कृति विभाग एवं हेल्प यू एजुकेशनल एवं चैरिटेबल ट्रस्ट को नीरज जी का 91वाँ जन्मदिवस मनाने का सौभाग्य प्राप्त हुआ यह हमारे लिये अत्यन्त गर्व की बात है। नीरज जी उम्र के 91वें पड़ाव पर हैं व अपने जीवन के 90 बसंत देख चुके हैं पर आज भी वह संगीत की दुनिया में पूर्ण रूप से सक्रिय हैं। उनका यह जोश व जुनून हम जैसे नौजवानों के लिये प्रेरणा स्त्रोत है। मैं संस्कृति विभाग, उत्तर प्रदेश एंव हेल्प यू एजूकेशनल एवं चैरिटेबल ट्रस्ट की तरफ से हमारे बीच उपस्थित पद्मभूषण गन्धर्व माननीय डा0 श्री गोपाल दास नीरज जी का हार्दिक स्वागत करता हूं व उन्हें जन्मदिन की बधाइयाँ प्रेषित करता हूं व भगवान से दुआ करता हूं कि नीरज जी हजारों साल जियें और अपने गीतों के माध्यम से हमें आशिर्वाद देते रहें। अग्रवाल ने याद करते हुये नीरज जी द्वारा उनको कहीं कुछ पंक्तियां भी सुनाई जो नीरज जी उन्हें समर्पित की हैं-

दोस्तों आज की शाम दो दोहे कहे.....मेरे मित्र हर्ष वर्धन अग्रवाल जी को समर्पित.........

दोस्त मिले तो हर्ष सा, और दोस्त बेकार..

नही हर्ष जो साथ हो तो जीवन निस्सार..

नीरज कहते हैं यही तुम समझो सब लोग...

तुमसे मिलना है लगे नदी, नाँव संजोग...

नीरज.......

हेल्प यू एजुकेशनल एवं चैरिटेबल ट्रस्ट ने 91 गरीब परिवार के बच्चों को निःशुल्क शिक्षा प्रदान करने हेतु “हेल्प यू बाल गोपाल शिक्षा योजना” का शुभारम्भ किया। योजना का शुभारम्भ पद्मभूषण माननीय डा0 श्री गोपाल दास ‘नीरज’ जी, माननीय श्री योगेश प्रताप सिंह जी, बेसिक शिक्षा राज्य मंत्री, श्री हर्ष वर्धन अग्रवाल, फाउन्डर ट्रस्टी, हेल्प यू एजुकेशनल एवं चैरिटेबल ट्रस्ट व श्रीमती डा0 रूपल अग्रवाल, प्रबंध न्यासी, हेल्प यू एजुकेशनल एवं चैरिटेबल ट्रस्ट के कर कमलों से हुआ।

नीरज यानि एक ऐसा गीतकार जिसने जीवन भर इंसान को इंसानियत का पाठ पढ़ाया, नीरज यानि एक ऐसा शख़्स जिसने कभी इंसान में कोई भेदभाव नहीं किया जिसने हमेशा धरती पर स्वर्ग उतारने की बात की, आदमी से प्यार करने की बात की। हेल्प यू ट्रस्ट मानवता के इस सच्चे सिपाही इस जन्म दिन पर बतौर तोहफ़ा हेल्प यू बाल गोपाल शिक्षा योजना की शुरूआत करने जा रहा है, यह वाक्य डा0 रूपल अग्रवाल ने अपने संबोधन में कहे और “हेल्प यू बाल गोपाल शिक्षा योजना” के बारे में विस्तार से बताते हुये कहा कि, “ हेल्प यू बाल गोपाल शिक्षा योजना का उद्देश्य है ग़रीब परिवार के बच्चों को 12 वीं तक की शिक्षा, किताबें, यूनीफार्म व साइकिल उपलब्ध करा कर उन्हें देश की प्रगति का सहभागी बनाना। इस योजना के तहत हेल्प यू ऐसे 91 बच्चों एवं परिवारों को चयनित करेगा जो कि पढ़ना चाहते हैं मगर ग़रीबी के कारण शिक्षा पाने में असमर्थ हैं। इस योजना के तहत एक ओर ग़रीब बच्चांे का चयन किया जा रहा है तो दूसरी ओर ऐसे परिवारों की भी खोज की जा रही है जो आर्थिक रूप से काफी सक्षम हैं परन्तु निःसन्तान हैं। इस योजना में चुने हुये बच्चों को ऐसे सक्षम परिवार के माध्यम से ही शिक्षित किया जायेगा। यह योजना एक वर्ष में पूरी कि जायेगी। किसी के काम आने का सौभाग्य सबको प्राप्त होता। आप भी हेल्प यू के इस अनोखी मुहिम को हिस्सा बन कर ये परम सौभाग्य प्राप्त कर सकते हैं। तो आइये और हेल्प यू बाल गोपाल शिक्षा योजना का हिस्सा बनिये।

पद्मभूषण माननीय डा0 श्री गोपाल दास ‘नीरज’ जी भाव विभोर हो गये व हेल्प यू ट्रस्ट के साथ अपने जुडाव को कुछ इस तरह बताया की “हेल्प यू की बाल गोपाल शिक्षा योजना” एक सराहनीय पहल है मेरे जन्मदिन पर इस योजना का शुभारम्भ होना जिसमें गरीब बच्चों को पढाया जायेगा मेरे लिये इससे बडा उपहार नहीं हो सकता। हेल्प यू ट्रस्ट का जैसा नाम है व अपने काम से अपने नाम को सार्थक कर रहा है। हिन्दू मुस्लिम भाईचारे पर हेल्प यू ट्रस्ट ने सदी की अनोखी पहल कर अनवर जलालपूरी की भावानुवादित पुस्तक ऊर्दू शायरी में गीता का लोकार्पण किया था। मैं हेल्प यू ट्रस्ट को आशीर्वाद देता हूं कि वह निरन्तर समाज सेवा करते रहे व सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से सामाजिक विषयों की जागरूक्ता करने का काम करके हेल्प यू ट्रस्ट ने एक नई मिशाल व किर्तीमान स्थापित किया है। ये हेल्प यू ट्रस्ट की कर्तव्य व निष्ठा और सेवा भाव का ही प्रभाव है कि आज ये संस्थान उत्तर प्रदेश की एक नई पहचान बन गया है। आज कला, साहित्य, फि़ल्म और राजनीति की दुनिया की बड़ी से बड़ी शखि़्सयतें भी हेल्प यू ट्रस्ट से जुड़ कर ख़ुद को गौरवान्वित महसूस करती हैं। इंसान वही है जो दूसरांे के काम आये। आज के जमाने में जब लोगांे के पास अपने और अपने अपनो के लिए भी वक़्त नहीं है। दूसरों के लिए कुछ करने की बात सोचना भी मुश्किल है। ऐसे में जब कोई दूसरो के लिए अपनी पूरी जि़न्दगी समर्पित करने का संकल्प उठा ले तो वो अपने आप चर्चा का विषय बन जाता है।

Lucknow, Uttar Pradesh, India