किसानों की शहादत ज़ाया नही होने दंेगे: जयराम रमेश

किसानों की शहादत ज़ाया नही होने दंेगे: जयराम रमेश

भटटा पारसौल से यूथ कांग्रेस ने शुरू की पद यात्रा

भट्टा पारसौल: भूमि अधिग्रहण कानून 2013 पर मोदी सरकार द्वारा लाये गये अध्यादेश के विरोध में आज भटटा पारसौल गांव से पूर्व ग्रामीण विकास मंत्री जयराम रमेश, कांग्रेस महासचिव आॅस्कर फर्नाडिंस, उत्तर प्रदेश कांग्रेस विधान परिषद दल के नेता  नसीब पठान, धीरेन्द्र सिंह, प्रवक्ता, उत्तर प्रदेश कांग्रेस व यूथ कांग्रेस के राष्टीय अध्यक्ष अमरिन्द्र सिंह राजा बरार ने हरी झंडी दिखाकर पद यात्रा की शुरूआत की। पद यात्रा आरम्भ होने से पहले पारसौल ग्राम में हजारों की तादात में किसानों को संबोधित करते हुए पूर्व कंेन्द्रीय मंत्री जयराम रमेश ने कहा कि ’’भटटा पारसौल के किसानों की शहादत को हम लोग जाया नही जाने देंगे, जिस बिल को पक्ष और विपक्ष ने मिलकर 02 वर्ष की तबील मुददत के बाद सर्वसम्मति से कानून की शक्ल दी, उसी कानून को मोदी जी ने 02 घंटे में ही उसे जड से उखाड दिया। 

यूथ कांग्रेस के राष्टीय अध्यक्ष अमरिन्द्र सिंह राजा बरार ने कहा कि ’’राहुल जी ने इस गांव में आकर लोगों पर हो रहे जुल्मों के खिलाफ आवाज उठाई थी और आपके लिए एक बहतर कानून बनवाया था, लेकिन एक बार फिर अब समय आ गया कि माननीय राहुल गांधी जी के नेतृत्व में हम सबको इस अध्यादेश के खिलाफ सडकों पर लडाई लडनी पडेगी। किसानों की इस लडाई में यूथ कांग्रेस हमेशा आपके साथ खडी नजर आयेगी और इसी क्रम में आज हमारी यूथ कांग्रेस आपके संघर्ष में किसान सत्याग्रह के माध्यम से आपके कंधे से कंधा मिलाकर आपके साथ खडी है। 

उत्तर प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता धीरेन्द्र सिंह ने केन्द्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि ’’ कि आप किसानों की मर्जी के बगैर उनकी जमीन कैसे ले सकते हैं। मौजूदा सरकार ने कुछ संशोधनों के साथ लोकसभा में जो बिल पास करवा है वह सिर्फ शब्दों का परिवर्तन है और सार  सन् 1894 में का पुराना काला कानून है। मोदी जी ने इस अध्यादेश के जरिये किसानों को वापिस 19वीं सदी में ले गये हैं। मोदी जी के सत्तासीन होने के बाद जनता के तो नही, लेकिन आतंकवादियों व पूजीपतियों के अच्छे दिन जरूर आये हैं। मोदी जी ज्यादा तर विदेशों की यात्रायें कर रहे हैं, अब तक काला धन तो नही ला सके, कम से कम वो ही देश में वापिस आ जाये, हम समझेंगे कि काला धन वापिस आ गया। 

पद यात्रा भटटा पारसौल से आरम्भ होकर गांव मिर्जापुर, रामपुर, अछेजा व रीलखा आदि गांव होती हुई कस्बा दनकौर पहुॅची। पद यात्रा जिन-जिन गांवों में होकर गुजरी उन गांवों में भारी तादात में महिलाओं और किसान व मजदूरों की भीड उमड पडी जिसे देखकर कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ता व नेता गदगद हो गये। दनकौर पहुॅचकर मंडी में नुक्कड सभा का आयोजन हुआ, जिसमें हजारों लोगों ने शिरकत की।