दलितों का उत्पीड़न, शासन प्रशासन की घोर नाकामी है : लक्ष्य

दलितों का उत्पीड़न, शासन प्रशासन की घोर नाकामी है : लक्ष्य

सीतापुर: लक्ष्य कमांडर मुन्नी बौद्ध ने "लक्ष्य गांव गांव की ओर" अभियान के तहत एक भीम चर्चा का आयोजन जिला सीतापुर के गांव शाह महोली में किया |

दलितों का उत्पीड़न, शासन प्रशासन की घोर नाकामी है | आज भी आजाद भारत में दलित समाज के लोगो का उत्पीड़न जारी है जो शासन प्रशासन में बैठे लोगों की उदासीनता को दर्शाता है यह बात लक्ष्य कमांडर मुन्नी बौद्ध ने हाल ही में मध्य प्रदेश के जिला शिवपुरी में दबंगो द्वारा दो मासूम दलित (वाल्मीकि) बच्चों की पीट-पीट कर हत्या के संदर्भ में कही |

उन्होंने दलित समाज के नेताओं पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वो ऐसी मार्मिक घटनाओं पर तो अपना मुँह खोलें अन्यथा समाज आप लोगों को माफ़ करने वाला नहीं है | उन्होंने दुःख प्रकट करते हुए कहा कि दलितों के उत्पीड़न की घटनाओ पर जनतंत्र के चौथे स्तम्भ मीडिया का नजरिया भी दूषित दिखाई देता है वे ऐसी घटनाओं को अपनी खबरों में कोई ज्यादा महत्व नहीं देते हैं |

लक्ष्य कमांडर ने मध्य प्रदेश की इस मार्मिक घटना पर सरकार से मांग करते हुए कहा कि ऐसी घटनाओं को विशेष अदालतों के माध्यम से जल्द से जल्द निपटारा करे और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दे ताकि ऐसी दुःखद घटनाओं पर लगाम लग सके |

लक्ष्य कमांडर ने बहुजन समाज के लोगो से आह्वान करते हुए कहा कि वो किसी भी प्रकार के शोषण को सहन न करे बल्कि संविधानिक तरीके से उसका मुँह तोड़ जवाब दे |

इस भीम चर्चा में लक्ष्य कमांडर मुन्नी बौद्ध, जयपाल गौतम, अवधेश कुमार, पूरन, राम प्रसाद, मुकेश कुमार व् सुनील ने भी अपनी बात रखी |

Uttar Pradesh, India