उन्नाव एक्सीडेंट: जरूरत पड़ी तो CBI को दिया जायेगा केस

उन्नाव एक्सीडेंट: जरूरत पड़ी तो CBI को दिया जायेगा केस

लखनऊ: उन्नाव रेप केस में पीड़िता की कार एक्सीडेंट के मामले में लखनऊ जोन के एडीजी राजीव कृष्ण ने प्रेस वार्ता कर अधिकारिक बयान जारी किया है। उन्होंने कहा है कि शुरुआती जांच में तो यही लग रहा है कि ये एक महज रोड एक्सीडेंट था। उन्होंने कहा कि हम मामले की जांच कर रहे हैं, जिस जगह ये दुर्घटना हुआ है वहां फॉरेंसिक टीम को भेज दिया गया है। फॉरेंसिक टीम जांच कर यह बताएगी कि आखिर एक्सीडेंट की कैसे हुआ था। उन्होंने यह भी बताया कि ट्रक ड्राइवर, क्लीनर, मालिक के नंबरों की कॉल डिटेल की भी जांच की जा रही है। वहीं कुलदीप सिंह सेंगर के संपर्क वाले लोगों के नंबरों को भी जांचा जा रहा है। अगर इनके साथ इनका किसी भी तरह का कोई कनेक्शन निकलता है तो उस मामले पर अलग पहलू पर जांच की जायेगी।

राजीव कृष्ण ने प्रेस वार्ता करते वक्त कहा, हादसा 28 जुलाई को दोपहर 1.30 बजे के आस-पास हुआ था। जिस ट्रक से गाड़ी की टक्कर हुई है वह रायबरेली से फतेहपुर की तरफ जा रहा था। पीड़िता और अन्य लोग स्विफ्ट डिजायर गाड़ी में बैठे हुए थे, जो रायबरेली की तरफ जा रहे थे। हाइवे पर ट्रक और गाड़ी आमने-सामने से आ रहे थे। ड्राइवर ने पूछताछ में बताया कि उस वक्त तेज बारिश हो रही थी, जिसकी वजह से टक्कर हो गई। ट्रक सीज कर लिया गया है। लेकिन ये सिर्फ शुरुआती जांच में सामने आया है। उन्होंने यह भी कहा है कि हादसे पीड़िता की चाची और मौसी की मौत हो गई है। घायलों के इलाज का पूरा खर्चा प्रशासन उठाएगा।

राजीव कृष्ण ने बताया कि अभी एक मृतका का पोस्टमार्टम हुआ है, जबकि दूसरे की रिपोर्ट नहीं आई है। पुलिस के पास रेप के पीड़िता के चाचा महेश सिंह, जो जेल में बंद हैं। उन्होंने मुकदमा दर्ज कराया है। उन्होंने इस केस को सीबीआई को भेजने की मांग भी की है, जिसे हम जांच के बाद आगे बढ़ाएंगे।

नंबर प्लेट पर काला रंग क्यों पोता गया था इस सवाल के जवाब में राजीव कृष्ण ने बताया कि ड्राइवर ने कहा है कि ट्रक वाले ने गाड़ी फाइनेंस कराई हुई थी, लेकिन उसके पैसे नहीं दिए थे, इसलिए उससे बचने के लिए ऐसा कर रहे थे। पुलिस ने यह भी कहा है कि हम इस तथ्य की जांच कर रहे हैं।

पीड़िता और उसके वकील महेन्द्र सिंह की हालत काफी नाजुक है। दोनों को लखनऊ के ट्रामा सेंटर में लाइफ सपॉर्ट सिस्टम पर रखा गया है। उन्नाव गैंगरेप केस में बांगरमऊ से बीजेपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर आरोपी रह चुके हैं।

पीड़िता ने साल 2017 में उन्नाव से बीजेपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर बलात्कार का आरोप लगाया था। इस मामले में सेंगर को गिरफ्तार किया गया था। मामले की सीबीआई जांच की जा रही है और इस वक्त सेंगर जेल में हैं। लड़की द्वारा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के लखनऊ स्थित सरकारी आवास के बाहर आत्मदाह की कोशिश किए जाने के बाद यह मामला प्रकाश में आया था।

इससे पहले डीजीपी ओपी सिंह ने कहा है कि प्रथम दृष्टया हादसा लग रहा है कि लेकिन पीड़ित परिवार चाहेगा तो घटना की सीबीआई जांच के लिए सिफारिश करेंगे।

Lucknow, Uttar Pradesh, India